10 January 2015
बिन मांगे समर्थन
बिन मांगे समर्थन
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद राष्टï्रवादी कांग्रेस पार्टी ने भाजपा को बिना मांगे ही समर्थन दे दिया। लोग राकांपा के इस फैसले से भौंचक थे। लेकिन बताया जा रहा है कि यह फैसला काफी सोच समझ कर लिया गया। चुनाव पूर्व शिवसेना-भाजपा में गतिरोध के दौरान राकांपा और भाजपा नेताओं के बीच माउंट आबू में गुजरात के रहने वाले और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के करीबी उद्योगपति ने एक मीटिंग कराई। इस मीटिंग में ही यह तय हुआ कि भाजपा को बिना मांगे राकांपा समर्थन देगी ताकि शिवसेना पर दबाव बनाया जा सके। खबर यह भी है कि राकांपा के कई नेताओं पर भ्रष्टïाचार के मामले दर्ज हो सकते हैं इसलिए पहले से ही उसने बचाव में समर्थन कर दिया। इसमें भाजपा और राकांपा दोनों ने फायदा देखा।