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पंजाब में पावर संकट, 45 डिग्री पारे के बीच 8 से 10 घंटे बिजली कटौती, सरकारी दफ्तरों में एसी चलाने पर प्रतिबंध

पंजाब कांग्रेस में पिछले लंबे समय से चढ़े सियासी पारे के बीच चढ़ा मौसम का पारा भी 45 डिग्री पर झुलसा रहा...
पंजाब में पावर संकट, 45 डिग्री पारे के बीच 8 से 10 घंटे बिजली कटौती, सरकारी दफ्तरों में एसी चलाने पर प्रतिबंध

पंजाब कांग्रेस में पिछले लंबे समय से चढ़े सियासी पारे के बीच चढ़ा मौसम का पारा भी 45 डिग्री पर झुलसा रहा है। कांग्रेस में छिड़े घमासान के बीच जहां मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिदंर सिंह बतौर बिजली मंत्री अपनी पावर बचाने में लगे हैं वहीं पंजाब की पावर गुल है। कई शहरों में जहां 8 से 10 घंटे बिजली गुल है वहीं सिंचाई के लिए पानी न मिलने से धान के खेत सूख रहे हैं। उद्योगों पर सप्ताह में दो दिन की बिजली कटौती लागू हो गई है वहीं राज्य के तमाम सरकारी दफ्तरों का समय भीषण गर्मी के प्रकोप को देखते हुए सुबह आठ से दोपहर दो बजे कर दिया है पर इन 6 घंटों में वे पसीने से तरबतर हो रहे हैं क्योंकि दफ्तरों की ठंडक में बिजली की किल्लत के चलते गायब है। सरकार ने सरकारी दफ्तरों में एसी चलाने पर प्रतिबंध लगा दिया है।

पिछले दो दिन से पंजाब में बिजली की भारी किल्लत पर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिदंर सिंह को घेरते हुए शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर बादल का कहना है कि साढ़े चार साल पहले पावर सरप्लस पंजाब कांग्रेस को सौंपने वाली उनकी सरकार के बाद राज्य में एक भी यूनिट बिजली का उत्पादन नहीं बढ़ा है जबकि खपत में 15 फीसदी तक का इजाफा हुआ है। हालत यह है कि लोगों को 14-14 घंटे के पावरकट झेलने पड़ रहे हैं। बिजली आपूर्ति में 1500 मेगावाट की कमी जो आने वाले एक हफ्ते में 5000 मेगावाट हो सकती है यदि मुख्यमंत्री ने अपनी कांग्रेस के संकट से निकलकर बिजली संकट का हल नहीं निकाला तो। इधर अपनी ही सरकार को घेर विधायक नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा है कि सरकार अगर सही दिशा में काम करे तो पंजाब में बिजली कटौती की जरूरत ही नहीं पड़ेगी।

एक सप्ताह पहले शुरु हुआ बिजली संकट पिछले दो तीन दिन से इस हद तक पहंुच गया है कि कई शहरों में 10 से 12 घंटे की बिजली कटौती जारी है। इधर पंजाब पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड के अधिकारियों का कहना है कि बिजली निगम के कर्मचारियों की हड़ताल के चलते बहुत से फीडर्स से आपूर्ति ठप है। पंजाब में बिजली की मांग 14,500 मैगावाट तक पहुंच गई है जबकि आपूर्ति 13000 मैगावाट के करीब है।

बिजली मंत्री कैप्टन अमरिदंर सिंह ने हड़ताली बिजली निगम के कर्मचारियों की शिकायतों को हल करने के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन कर बिजली आपूर्ति के प्रयास तेज करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि तलवंडी साबो थर्मल प्लांट के दो प्लांटों में खराबी की वजह से भी यह दिक्कत आ रही है। जल्द ही राज्य में पूरी बिजली बहाल कर दी जाएगी।

लुधियाना स्माल स्केल इंडस्ट्री ऐसाेसिएशन के अध्यक्ष बदिश जिंदल का कहना है कि पहले ही लॉकडाउन के चलते पिछले तीन महीने से उत्पादन 40 फीसदी रह गया था अब हालात कुछ सामान्य होने लगे थे पर सप्ताह में 48 घंटे की बिजली कटौती से छोटे उद्योगों की कमर टूट जाएगी।

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