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अमृतसर अटैक: हमलावरों का सुराग देने पर 50 लाख का इनाम, एनआईए ने शुरू की जांच

अमृतसर में निरंकारी भवन पर हुए ग्रेनेड हमले के बाद सुरक्षा एजेंसियां हरकत में आ गई हैं। घटना के बाद...
अमृतसर अटैक: हमलावरों का सुराग देने पर 50 लाख का इनाम, एनआईए ने शुरू की जांच

अमृतसर में निरंकारी भवन पर हुए ग्रेनेड हमले के बाद सुरक्षा एजेंसियां हरकत में आ गई हैं। घटना के बाद राज्य में अलर्ट जारी कर दिया गया है। इस घटना की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) कर रही है। इस बीच पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा है कि हमलावरों के सुराग देने वालों को सरकार 50 लाख रुपये इनाम देगी।

गौरतलब है कि रविवार को अमृतसर के राजासांसी गांव के निरंकारी डेरे पर नकाबपोश मोटरसाइकिल सवारों ने ग्रेनेड से हमला कर दिया, जिसमें 3 लोगों की मौत हो गई और लगभग 20 लोग घायल हो गए। इसे लेकर आतंकी हमले की संभावना जताई जा रही है। कहा जा रहा है कि हमले के पीछे किसी आतंकी संगठन का हाथ हो सकता है। इसके मद्देनजर पंजाब और जम्मू-कश्मीर के बॉर्डर पर नया हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।

इस बम धमाके में 3 लोग मारे गए जबकि घायल हुए 22 लोगों में से 13 को गुरु नानक देव हास्पिटल  (जी.एन.डी.एच.) और 7 को आई.वी.आई. अस्पताल में दाखिल करवाया गया है। बम धमाके में गंभीर रूप से घायल 6 मरीजों की बाजुओं और टांगों में छर्रे लगने के कारण उनके ऑप्रेशन किए जा रहे हैं। बाकी मरीजों की हालत स्थिर है।

एनआईए की टीम पहुंची

गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने मामले में सख्त कार्रवाई करने को कहा है। पंजाब डीजीपी ने भी कहा है कि आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा। इस बीच एनआईए की तीन सदस्यीय टीम आज अमृतसर में घटनास्थल पर पहुंच गई है और मामले की जांच में जुट गई है। एनआईए टीम की अगुवाई मुकेश सिंह कर रहे हैं। 

अज्ञात हमलावरों के खिलाफ केस दर्ज

उधर परिसर के मुख्य द्वार पर तैनात निरंकारी पंथ के स्वयंसेवक गगन के बयान पर थाना राजासांसी की पुलिस ने अज्ञात हमलावरों के विरुद्ध आइपीसी की धारा 302, 307, 452, 427, 341 व 34 के अधीन केस दर्ज किया है। इसमें आर्म्ज एक्ट 1959 की धारा 25, एक्सक्लोसिव सबस्टांस एक्ट 3, 4, 5, 6 के अतिरिक्त अनलॉफुल एक्टीविटीज एक्ट 1967 के अधीन धारा 13 में पर्चा दिया गया है। 1 दर्जन संदिग्ध व्यक्ति व्यक्तियों को राऊंडअप किया गया है।

सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आतंकी की तलाश जारी

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, सीसीटीवी फुटेज के आधार पर हमले को अंजाम देने में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल की पहचान कर ली गई है। फुटेज में हमलावर भी दिख रहे हैं जिनमें से एक ने चेहरे पर नकाब पहना है। बताया गया है कि पुलिस ने स्केच जारी कर दिए हैं। कई जिलों की पुलिस को अमृतसर में तलाशी के लिए भेजा गया है। साथ ही, आसपास के गांवों में भी बाइक और हमलावरों को तलाशा जा रहा है।

राजनीति भी शुरू

पंजाब के आम आदमी पार्टी के विधायक और विधानसभा में विपक्ष के नेता रहे एचएस फुल्का ने इस बीच विवादित बयान दिया है। उन्होंने अमृतसर में निरंकारी समागम में हुए आतंकी हमले के लिए सेनाध्यक्ष बिपिन रावत को जिम्मेदार बता दिया है।

उन्होंने कहा, '' सेनाध्यक्ष बिपिन रावत पंजाब में आकर बोल गए थे कि राज्य पर आतंकी हमले का खतरा है।  हो सकता है कि उन्होंने ही अपने लोगों से ब्लास्ट करवाया हो ताकि उनका बयान गलत साबित न हो।''

हालांकि, बयान पर बवाल के बाद एच एस फुल्का ने सफाई भी दी। समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, उन्होंने बाद में कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से पेश किया गया। उन्होंने कहा कि मेरा बयान कांग्रेस के खिलाफ था, न कि सेना प्रमुख के खिलाफ था।

इस तरह का बयान सेना का अपमान: कांग्रेस

फुल्का के इस बयान की पंजाब कांग्रेस के प्रवक्ता राजकुमार वेरका ने कड़ी निंदा की है। उन्होंने फुल्का को मानसिक दिवालिया बताया। वैरका ने कहा कि हमारे देश के आर्मी चीफ और सैनिक हमारी शान हैं और उनके बारे में इस तरह का बयान देकर उन्होंने सेना का अपमान किया है।

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