सामाजिक कार्यकर्ता स्वामी अग्निवेश के साथ मंगलवार को झारखंड के पाकुड़ में मारपीट की घटना हुई है। भारतीय जनता युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं पर इस हाथापाई को अंजाम देने का आरोप लगा है। स्वामी अग्निवेश यहां पहाड़िया सम्मेलन में हिस्सा लेने आए थे। इसी दौरान उनके साथ यह घटना घटित हुई। इसे लेकर स्वामी ने जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उनपर कार्रवाई की मांग की है।
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, स्वामी अग्निवेश ने कहा कि वहां कोई पुलिसकर्मी मौजूद नहीं थे। जबकि वे बार-बार एसपी और डीएम से कहते रहे हैं। उन्हें बताया गया कि एबीवीपी और बीजेपी युवा मोर्चा के कार्यकर्ता उनका विरोध कर रहे हैं। उन्होंने उनसे कहा कि विरोध करने की कोई जरूरत नहीं है, वे अंदर आ सकते हैं और बात कर सकते हैं। उस समय कोई भी नहीं आया।
स्वामी का कहना है कि जब वे वहां से निकल गए, तब उन लोगों ने अचानक उनके साथ दुर्व्यवहार किया।
उन्होंने कहा, “मैं चाहता हूं कि सीसीटीवी फुटेज और मीडिया पर उपलब्ध वीडियो से उनकी पहचान की जाए और उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए।”
भाजपा का इंकार
इधर भाजपा प्रवक्ता पी शाहदेव ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि मारपीट करने के आरोपी उनकी पार्टी के नहीं हैं। उन्होंने कहा, “वे हमारी पार्टी के कार्यकर्ता नहीं थे। हम इसकी निंदा करते हैं लेकिन उनका (अग्निवेश) ट्रैक रिकॉर्ड ऐसा है कि इस प्रतिक्रिया पर हैरानी नहीं होती है। पाकुड़ हाल ही में धर्मातंरण के लिए खबरों में है।”