तमिलनाडु के विल्लुपुरम जिले में जहरीली शराब ने दो और लोगों की जान ले ली। पुलिस ने मंगलवार को बताया कि अबतक कुल 13 लोग इस जहरीली शराब के कारण अपनी जान गंवा चुके हैं। सोमवार को पुलिस द्वारा जारी एक बयान के अनुसार जिले के मरक्कानम के एकियारकुप्पम में शनिवार शाम लोगों के एक समूह ने अवैध शराब का सेवन किया, नतीजतन 11 लोगों की मौत हो गई।
एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक मृतकों की पहचान शंकर, सुरेश, धरनिवेल, राजामूर्ति, विजयन, मन्नकट्टी, मलारविजली, अभिराम, केशव वेलू, शंकर, विजयन, राजा वेलू और सरथ कुमार के रूप में हुई। इस मामले में जांच भी जारी है। पुलिस ने बताया कि राज्य में दो अलग-अलग घटनाओं में जहरीली शराब पीने से मरने वालों की संख्या बढ़कर 18 हो गई है।
बता दें कि दूसरी घटना रविवार को चेंगलपट्टू जिले के मदुरंथागम से सामने आई, जहां कथित तौर पर अवैध शराब के सेवन से पांच लोगों की मौत हो गई। पुलिस का कहना है कि दोनों घटनाओं के बीच कोई संबंध है, ऐसा कोई सबूत अबतक हाथ नहीं लगा है। अमरन नाम के एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक उसके पास से बरामद जहरीली शराब को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।
प्रयोगशाला में इस शराब में मेथेनॉल की मौजूदगी का पता लगाया जा सकेगा। गौरतलब है कि विगत रविवार को मुख्यमंत्री स्टालिन ने मृतकों के परिवारों में से प्रत्येक को 10 लाख रुपए देने की घोषणा की। इसके साथ अस्पताल में भर्ती लोगों को 50,000 रुपए के मुआवजे की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा, "सरकार अवैध शराब और नशीले पदार्थों और इसकी तस्करी को लेकर सतर्क है और इसे रोकने का हरसंभव प्रयास कर रही है।"