Advertisement

"1971 की भावना को जीवित रखना जरूरी, अमृत काल में भारत-बांग्लादेश की दोस्ती बुलंदियों पर पहुंचेगी": पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बांग्लादेश की पीएम शेख हसीना ने आज (मंगलवार) हैदराबाद हाउस में...

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बांग्लादेश की पीएम शेख हसीना ने आज (मंगलवार) हैदराबाद हाउस में प्रतिनिधिमंडल स्तर की बैठक की। प्रधानमंत्री मोदी बांग्लादेश की पीएम शेख हसीना के साथ एक संयुक्त बयान जारी करते हुए कहा आज बांग्लादेश भारत का सबसे बड़ा विकास भागीदार है।

आतंकवाद पर बात करते हुए पीएम मोदी ने कहा, ‘‘आज हमने आतंकवाद और चरमपंथ के खिलाफ सहयोग पर भी जोर दिया। 1971 की भावना को जीवित रखने के लिए बहुत जरूरी है कि हम ऐसी ताकतों का मिलकर सामना करें जो हमारे आपसी विश्वास पर हमला करती हों।’’

पीएम ने आगे कहा, "लोगों से लोगों के सहयोग में निरंतर सुधार हो रहा है। हमने आईटी, अंतरिक्ष और न्यूकिलर एनर्जी जैसे सेक्टर में भी सहयोग बढ़ाने का निश्चय किया है। पीएम मोदी ने आगे कहा पिछले वर्ष हमने बांग्लादेश की स्वतंत्रता की 50वीं वर्षगांठ, हमारे डिप्लोमैटिक संबंधों की स्वर्ण जयंती और शेख मुजीबुर्रहमान की जन्म शताब्दी एक साथ मनाई थी। मुझे विश्वास है कि अगले 25 साल के अमृत काल में भारत-बांग्लादेश की मित्रता नई उचाईयों को छुएगा।

पीएम मोदी ने कहा कि आज हमने कुशियारा नदी से जल बंटवारे पर एक महत्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। इससे भारत में दक्षिणी असम और बांग्लादेश में सिलहट क्षेत्र को लाभ होगा। ऐसी 54 नदियां हैं जो भारत-बांग्लादेश सीमा से गुजरती हैं और सदियों से दोनों देशों के लोगों की आजीविका से जुड़ी रही हैं। ये नदियां इनके बारे में लोक-कहानियां, लोक-गीत, हमारी साझा सांस्कृतिक विरासत के भी साक्षी रही है।

इस दौरान बांग्लादेश की पीएम शेख हसीना ने कहा, "मैं लगभग 3 साल बाद भारत आई हूं। उन्होनें कहा अगले 25 वर्षों के लिए अमृत काल की मैं शुभकामनाएं देती हूं।"

अब आप हिंदी आउटलुक अपने मोबाइल पर भी पढ़ सकते हैं। डाउनलोड करें आउटलुक हिंदी एप गूगल प्ले स्टोर या एपल स्टोर से
Advertisement
Advertisement
Advertisement
  Close Ad