Advertisement

राजस्थान में फिर बड़े आंदोलन की आहट, किसान नेताओं को भेजा जेल

-रामगोपाल जाट सम्पूर्ण कर्जमाफी को लेकर जयपुर में विधानसभा घेराव के लिए कूच कर रहे किसानों से पुलिस...
राजस्थान में फिर बड़े आंदोलन की आहट, किसान नेताओं को भेजा जेल

-रामगोपाल जाट

सम्पूर्ण कर्जमाफी को लेकर जयपुर में विधानसभा घेराव के लिए कूच कर रहे किसानों से पुलिस प्रशासन बुरी तरह से खौफ में है। भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अमराराम व प्रदेशाध्यक्ष पैमाराम सहित 60 किसानों को पकड़ लिया गया। मंगलवार को जैसे ही किसान नेता जयपुर की तरफ बढ़ रहे थे, तभी जालसू में किसान नेता भारतीय किसान सभा के उपाध्यक्ष अमराराम, पैमराराम, मंगलसिंह सहित कई किसानों को धारा 151 में गिरफ्तार कर लिया गया था। बुधवार सुबह चौमू के एसडीएम कोर्ट में पेश किया गया, जहां से 24 किसानों को 28 फरवरी तक जेल भेज दिया है।

किसान नेताओं ने कहा है कि वसुंधरा सरकार चाहे जो कर ले, लेकिन उनको आंदोलन रुकेगा नहीं, इस बार किसानों की सम्पूर्ण कर्जमाफी के बाद ही राजधानी से वापस लौटेंगे। कोर्ट में जाने से पहले अमराराम ने पुलिस थाने में ही पत्रकारों को किसानों की आगे की रणनीति से अवगत करवाते हुए कहा है कि किसी भी सूरत में किसान रुकने वाले नहीं है। आज किसान पूरे प्रदेश में जिला, तहसील और पंचायत मुख्यालयों पर मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का पुतला जलाएंगे। किसानों, युवाओं और महिलाओं को जयपुर कूच जारी रखने को कहा गया है।

सभा के प्रदेशाध्यक्ष पैमाराम ने कहा है कि चाहे कुछ भी हो जाए, लेकिन अब वे पीछे नहीं हटेंगे। गिरफ्तार करने के बाद  किसान नेताओं को चौमू और कालाडेरा थाने ले जाया गया। इस बीच किसान सभा के सुभाष ने कहा है कि 22 फरवरी का जयपुर कूच यथावत रहेगा, पुलिस के बल पर राजस्थान की सरकार किसानों को अपना हक लेने से नहीं रोक सकती। अमराराम पूरे राजस्थान की आम आवाम से अपील करते हुए कहा है कि किसानों के हक की लड़ाई के लिए गुरुवार को ज्यादा से ज्यादा संख्या में जयपुर की तरफ कूच करेंगे। इस आंदोलन में ज्यादा से ज्यादा तादात में किसान, महिलाएं, युवा व छात्र भाग लें और जहां भी पुलिस रोकने की कोशिश करें, वहीं पर पड़ाव डाल कर बैठ जाये और शांतिप्रिय ढंग से आंदोलन को आगे बढ़ायें।

बुधवार को सुबह चौमू एसडीएम के समक्ष पेश किया गया, जहां से उनको जेल भेज दिया गया। किसान नेताओं को पुलिस द्वारा पकड़े जाने से प्रदेश में आंदोलन भड़कने की आंशका बढ़ गई है। किसान नेताओं के साथ युवा और महिलाओं का पूरा सर्मथन कर रहे हैं। चौमू कोर्ट में पेश किये जाने के दौरान पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया था। यहां पर पुलिस के 4 हजार जवान, एसटीएफ और आरएसी के जवान तैनान किए गए हैं।

सीकर बंद का आव्हान

किसानों ने आज सीकर बंद करने का आव्हान किया है। इससे पहले भी सीकर से ही किसान आंदोलन हुआ था। जिसके बाद 13 दिन में सरकार झुकी और लिखित समझौता किया गया। आज ही दोपहर में एक बजे सभी जिला, तहसील और पंचायत मुख्यालयों पर भी मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे का पुतला फूंके जाने के लिए किसान सभा ने कल रात को ही घोषणा कर दी थी।

60 किसानों को पकड़ा गया

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार किसानों द्वारा बिना अनुमति के जयपुर में एकत्रित होने की सूचना के बाद एक जत्थे को जालसू में रोक दिया गया था। अमराराम, पैमाराम, मंगलसिंह सहित 60 किसानों को पुलिस ने पकड़ लिया। जिसके बाद अमराराम ने कहा कि जयपुर कूच जारी रखे, और जहां पर भी पुलिस रोके, वहीं पर पड़ाव डाल दें।

अब आप हिंदी आउटलुक अपने मोबाइल पर भी पढ़ सकते हैं। डाउनलोड करें आउटलुक हिंदी एप गूगल प्ले स्टोर या एपल स्टोर से
Advertisement
Advertisement
Advertisement
  Close Ad