बेशक, चंडीगढ़ एयरपोर्ट का नाम फौरी तौर पर चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट रख दिया गया हो लेकिन नाम को लेकर सियासी खींचतान अब भी जारी है। हाल ही में हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने राष्ट्रीय स्वंय सेवक संघ के प्रचारक और भाजपा नेता मंगलसेन के नाम पर एयरपोर्ट का नाम रखे जाने का प्रस्ताव रखा है। खट्टर के इस प्रस्ताव की खासी आलोचना हो रही है।
धर्मनिरपेक्षता की धारणा पर कुछ हद तक सवाल खड़े करते हुए संविधान दिवस (26 नवंबर 2015) के आयोजन ने इस बहस को एक बार फिर से खड़ा कर दिया। गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने उस दलील को दोहराया जिसे राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ परिवार अर्से से उठाता रहा है। उन्होंने कहा कि धर्मनिरपेक्षता शब्द की विकृत परिभाषा का उपयोग समाज में तनाव उत्पन्न कर रहा है।
सात साल पहले मुंबई में 26 नवंबर के दिन भीषण आतंकी हमलों को आज पूरा देश याद कर रहा है। इस मौके पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और कई अन्य हस्तियों ने दक्षिण मुंबई में पुलिस जिमखाना स्थित 26/11 पुलिस स्मारक जाकर श्रद्धांजलि अर्पित की। हाल में पेरिस पर हुए 26/11 जैसे आतंकी हमले के बाद पूरी दुनिया में आतंकवाद को लेकर नए सिरे से बहस छिड़ी है।
पाकिस्तान से महीने भर पहले भारत लौटी गीता के माता-पिता की तलाश जारी है। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने बताया कि दो और परिवारों ने दावा किया है कि वे गीता के परिजन हैं। लेकिन इस मूक-बधिर लड़की ने इनमें से एक परिवार की तस्वीरें पहचानने से इंकार कर दिया है।
शुक्रवार को दिल्ली उच्च न्यायालय में दायर एक याचिका के जवाब सरकार ने कहा कि शहीद का दर्जा सशस्त्र बलों के उन कर्मियों को नहीं दिया जाता है जो कर्तव्य के दौरान अपनी जान कुर्बान कर देते हैं, इसलिए यह दर्जा अर्द्धसैनिक बलों को नही दिया जा सकता। सरकार ने इस मामले में दायर याचिका को भी गलत धारणा पर आधारित बताया है।
चीन ने आज दशकों पुरानी एक बच्चे की अपनी विवादास्पद नीति को निरस्त कर दिया। अब चीन की सरकार के इस कदम से विश्व के सर्वाधिक आबादी वाले देश में सभी दंपतियों को दो बच्चे रखने की अनुमति मिल गई है।
कई साल पहले ग़ुम होकर पाकिस्तान पहुंची मूक बधिर लड़की गीता आज भारत लौट आई है। लेकिन उसने अपने कथित परिवार को पहचानने से इंकार कर दिया है। फिल्म 'बजरंगी भाईजान' की वजह से गीता का मामला मीडिया में प्रमुखता से उठा था और आज वह अपने देश लौटने में कामयाब रही है। इस प्रकरण ने भारत और पाकिस्तान की जनता के दिलों को जोड़ने का काम भी किया है।