सरकार को अगले छह महीने में सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों में रणनीतिक विनिवेश की प्रक्रिया आगे बढ़ाने की उम्मीद है। नीति आयोग के उपाध्यक्ष अरविंद पनगढि़या ने कहा कि इसके अलावा सरकार उन बीमार कंपनियों को बंद करने पर भी विचार कर रही है जिनका पुनरोद्धार संभव नहीं है।
ब्रिटेन सरकार की यूरोपीय संघ से निकलने की प्रक्रिया की शुरुआत कानूनी चुनौतियों से घिर गई है। एक विधि कंपनी ने घोषणा की है कि संसदीय अधिनियम के बिना इस प्रक्रिया को शुरू नहीं किया जा सकता।
मध्य प्रदेश के 3 सरकारी कर्मचारियों को राज्य सरकार के जनसंख्या नियंत्रण के लिए बनाए गए 2 बच्चों के नियम का उल्लंघन करने का दोषी पाए जाने के बाद बर्खास्त कर दिया गया है।
राष्ट्रीय खनिज खोज नीति (एनएमईपी) को बुधवार को मंत्रिमंडल से मंजूरी मिल गई। इससे 100 संभावित खनिज ब्लाक की नीलामी का रास्ता तैयार हुआ है और देश की खनन संभावना में बढ़ोतरी होगी।
ब्रिटेन 28 देशों के यूरोपीय यूनियन से अलग होने की राह पर है। इस अलगाव के बाद भारत और दुनिया की अर्थव्यस्था पर व्यापक असर पड़ने लगा है। दुनिया भर के बाजार गिरने का खतरा मंडरा रहा है। भारतीय शेयर बाजार में प्री ओपनिंग में सेंसेक्स 900 अंक तक गिर गया है। निफ्टी में भी 300 अंक की गिरावट दर्ज की गई है। रुपया भी डॉलर के मुकाबले 68 रुपए के स्तर से अधिक हो गया है। ब्रिटेन की मुद्रा पाउंड 30 साल के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है।
ब्रिटेन में यूरोपीय संघ :ईयू: को लेकर हुये एेेतिहासिक जनमत संग्रह में हार के बाद प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने शुक्रवार को अपने इस्तीफे की घोषणा कर दी। ब्रिटेन ने 28 देशों के संगठन यूरोपीय संघ :ईयू: से बाहर निकलने :ब्रेक्जिट: के पक्ष में मतदान किया है। कैमरन ब्रिटेन के ईयू में बने रहने के पक्ष में थे। इस फैसले से जहां एक तरफ वैश्विक बाजारों में उठापटक की स्थिति रही वहीं ईयू से अलग होने के बाद ब्रिटेन में आव्रजन और अन्य मुद्दों पर भी सवाल उठने लगे हैं।
आर्थिक रुप से जुड़े यूरोप के देशों के संगठन यूरोपीय यूनियन से अलग होने के लिए ब्रिटेन में जनमत संग्रह हो रहा है। मीडिया में खबर आ रही है कि मुसलमानों के डर की वजह से भी इस तरह का जनमत संग्रह कराया जा सकता है। जनता के फैसले के बारे मेंं शुक्रवार को पता चलेगा। सबसे बड़ा सवाल है कि ब्रिटेन जमनत संग्रह क्यों करा रहा है। जानकारों का कहना है कि मुस्लिम प्रवासियों की बढ़ती तादाद से ब्रिटेन को खासी चिंता है।
न्यूयॉर्क में एक मु्स्लिम पुलिस अफसर को धार्मिक तौर पर रखी गई दाढ़ी छोटी न करने के कारण निलंबित कर दिया गया है। अफसर मसूद सैय्यद को उनके सीनियर ने दाढ़ी छोटी करने को कहा था। सैय्यद ने बात नहीं मानी तो उन्हें निलंबित कर दिया गया। अब सैय्यद ने केंद्रीय अदालत में पुलिस विभाग और न्यूयॉर्क शहर के खिलाफ नो बियर्ड पॉलिसी को लेकर मुकदमा दायर कर दिया है। न्यूयॉर्क पुलिस विभाग में काम करने वालों को दाढ़ी रखने की मनाही है लेकिन विभिन्न धर्मों के मानने वालों के लिए छूट के तौर पर एक मिली मीटर तक लंबी दाढ़ी रखने की इजाजत है।