Advertisement

Search Result : "Pune accident"

वैज्ञानिक होकर भी दिमाग से नहीं निकला जातिगत भेदभाव, लोगों ने बताया शर्मनाक

वैज्ञानिक होकर भी दिमाग से नहीं निकला जातिगत भेदभाव, लोगों ने बताया शर्मनाक

खोले ने अपनी शिकायत में कहा है कि उन्हें धार्मिक अवसरों के दौरान अपने घर में खाना पकाने के लिए एक विवाहित ब्राह्मण महिला की जरूरत थी। लेकिन निर्मला ने अपनी जाति और वैवाहिक स्थिति छिपाकर खुद को निर्मला कुलकर्णी बताया। महिला उनके घर साल 2016 से हर खास आयोजन पर खाना बनाने के लिए आती थीं।
Advertisement
Advertisement
Advertisement