देश में गोरक्षा के नाम पर हिंसा की हालिया घटनाओं को हवाला देते हुए प्रमुख मुस्लिम संगठन जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने बुधवार को कहा कि सरकार कानून बनाकर गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करे ताकि गोहत्या रोकने के बहाने की जाने वाली हिंसा पर रोक लग सके और समाज में भाईचारा एवं शांति बरकरार रहे।
भारत की तीसरी सबसे बड़ी सॉफ्टवेयर कंपनी विप्रो ने 600 कर्मचारियों को निकाल दिया है। कंपनी ने “वार्षिक मूल्यांकन” के दौरान इन कर्मचारियों को “खराब प्रदर्शन” के आधार पर निकाला है। सूत्रों ने एजेंसी को बताया कि कंपनी से छंटनी की प्रक्रिया अभी खत्म नहीं हुई है और निकाले जाने वालों की संख्या 2000 तक पहुंच सकती है।
सिविल सर्विस डे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आईएएस अधिकारियों को संबोधित किया। पीएम मोदी ने कहा कि अफसर मोबाइल पर लगे रहते हैं, इसलिए अब मैंने बैठकों में फोन लाने पर रोक लगा दी है। अफसर हर फैसले को राष्ट्रहित की कसौटी पर तौलें और सत्य निष्ठा से काम करें। मैं आपके साथ खड़ा हूं। हम जो काम करे उसका नतीजा भी आना चाहिए।
होटल और रेस्टोरेंट में खाने पर लगने वाला सर्विस चार्ज आपको देना जरूरी नहीं होगा। यह उपभोक्ता की मर्जी पर होगा कि वह इसे दे या न दे। पीएमओ से हरी झंडी मिलने के बाद उपभोक्ता मंत्रालय ने इसके लिए गाइडलाइंस जारी कर दी है।
एक ओर जहां महिलाओं की सुरक्षा और समानता को लेकर विभिन्न तरह की मुहिम चलाई जा रही है, वहीं दूसरी ओर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने महिलाओं को सुरक्षा प्रदान करने वाले कानूनों को ही रद्द कर दिया हैं। ट्रंप ने इन कानूनों को रद्द करने वाले कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर भी कर दिया है। पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने कार्यस्थल पर महिलाओं की सुरक्षा के लिए कई कानून बनाए थे, जिनको ट्रंप ने खत्म कर दिया है।
गौरक्षा के नाम पर बढ़ती गुंडागर्दी और अलवर में गौवंश ले जाते व्यक्ति की हत्या के आरोपों के बीच राजस्थान से एक और खबर आई है। गौसेवा हेतु धन जुटाने के लिए राजस्थान सरकार ने 10 प्रतिशत सेस लगा दिया है। एक अप्रैल से यह सेस गैर-न्यायिक स्टाम्प पर सरचार्ज के तौर पर वसूला जाएगा।
गौ-रक्षा के नाम पर हाल के दिनों में हुई हिंसक घटनाओं से जुड़ी याचिका पर शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई। मामले पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान सरकार से तीन हफ्ते के भीतर अलवर में हादसे से जुड़े सवालों के जवाब मांगे हैं। देशभर में सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने इस मसले पर राजस्थान समेत छह अन्य राज्यों को भी नोटिस जारी किया है। ये राज्य हैं गुजरात, महाराष्ट्र, यूपी, झारखंड, कर्नाटक, और राजस्थान।
सभी मौजूदा मोबाइल उपभोक्ताओं को जल्द ही अपना आधार आधारित पुन:प्रमाणन कराना पड़ सकता है। सरकार ने इस संबंध में दूरसंचार सेवा प्रदाताओं को प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं।