केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड :सीबीएसई: ने कुछ जानकारियां सार्वजनिक ना करने के लिए देशभर में बोर्ड के मान्यता प्राप्त 2000 स्कूलों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
पाकिस्तानी हिन्दू शरणार्थी कावेश कुमार ने इंदिरा गांधी नेशनल ओपन यूनिवर्सिटी (इग्नू) में दाखिला न मिलने के कारण एक पत्र के जरिये मीडिया से मदद की गुहार लगाई है। कावेश कुमार के भाई विकेश कुमार ने बताया कि वह अपने पत्र के जरिये अपनी परेशानियों को विदेश मंत्री सुषमा स्वराज तक पहुंचाना चाहते हैं ताकि वह उनकी मदद कर सकें।
दिल्ली सरकार ने दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) की जमीन पर चल रहे तीन सौ से अधिक निजी स्कूलों को आगामी अकादमिक सत्र के लिए फीस ना बढ़ाने के निर्देश दिए हैं।
उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर जिले में 12वीं के छात्र की मौत के बाद विरोध प्रदर्शन के दौरान स्थानीय लोगों और नाइजीरियाई छात्रों के बीच हुई मारपीट के सिलसिले में पुलिस ने पांच लोगों को गिरफ्तार किया है।
दिल्ली पुलिस ने जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के कुलपति के साथ दुर्व्यवहार करने मामले में जेएनयू के 23 छात्र-छात्राओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
देश के छोटे बड़े शहरों में भारी-भरकम स्कूल बैग, टिफिन बॉक्स तथा पानी की बोतल लेकर झुकी कमर और तिरछी चाल चलते मासूम स्कूल आते जाते दिख जाएंगे। इन मासूमों से स्कूली बस्ते सहजता से उठते भी नहीं, लेकिन वे स्कूल बैग ढोने के लिए मजबूर हैं। बच्चे अपने वजन का 35 प्रतिशत बोझ बस्ते के रूप में रोजाना पीठ पर ढोते हैं।
दिल्ली के सरकारी स्कूलों की किशोर छात्राओं को मासिक धर्म पर शिक्षित करने के उद्देश्य से एक एनजीओ स्कूलों में पीरियड टॉक आयोजित करने जा रहा है, जिसमें छात्राओं को मासिक धर्म से संबंधित बराबर पूछे जाने वाले सवालों के जवाब दिये जायेंगे।
केंद्रीय विद्यालयों में दाखिले के सांसद कोटा में जल्द ही अहम बदलाव हो सकता है। नए प्रावधानों में सांसद कोटा के तहत होने वाले दाखिले के लिए गरीब बच्चों को वरीयता देनी होगी। पिछली सरकार के दौरान इस कोटे को पूरी तरह समाप्त कर दिया गया था, मगर सांसदों के भारी विरोध के बाद इस फैसले को वापस लेना पड़ा था।
साहित्य उत्सव या लिट फेस्ट अब स्कूल तक पहुंच गए हैं। अब तक इस तरह के उत्सव किसी शहर में बड़े साहित्यकारों के बीच ही होते थे। यह पहली बार है कि किसी स्कूल ने अपने यहां साहित्योत्सव आयोजित किया है।
सीबीएसई के सभी छात्रों के लिए साल 2018 से 10 वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा अनिवार्य होने वाली है। इसकी संचालन इकाई ने इस बारे में एक प्रस्ताव को आज आमराय से मंजूरी दे दी।