ओलंपिक में पिछले 36 वर्षों में अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन से एक जीत दूर भारतीय पुरूष हाकी टीम रियो खेलों में रविवार को मजबूत बेल्जियम के खिलाफ होने वाले क्वार्टर फाइनल में अपनी गलतियों को दूर करके वर्षों बाद नया मुकाम हासिल करने के लिये उतरेगी।
भारतीय टेनिस खिलाड़ी सानिया मिर्जा ने कहा कि उन्हें नहीं लगता कि अनुभवी खिलाड़ी होने के कारण उन पर इस बात का अतिरिक्त दबाव है कि रियो ओलंपिक के छह दिन बीतने के बाद भी भारत को कोई पदक नहीं मिला है। उन्होंने कहा, मुझे कोई अतिरिक्त दबाव महसूस नहीं होता। चाहे ओलंपिक हो या ग्रैंड स्लैम मुझे उतनी ही जिम्मेदारी महसूस होती है।
भारतीय महिला हाकी टीम का लचर प्रदर्शन बदस्तूर जारी रहा और अमेरिका ने उसे 3-0 से हराकर रियो ओलंपिक में क्वार्टर फाइनल में प्रवेश के उसके रास्ते लगभग बंद कर दिये।
पुरूष हॉकी टीम और सेना के रोवर दत्तू बबन भोकनलाल को छोड़कर भारत के लिए रियो ओलंपिक का पहला दिन निराशाजनक रहा। पुरूष हॉकी टीम ने जहां ओलंपिक में पहला लीग मैच नहीं जीत पाने का 12 साल पुराना कलंक धो दिया वहीं भोकनलाल पुरूषों के एकल स्क्रल में अपनी हीट में तीसरे स्थान पर रहकर क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए। इन दोनों को छोड़कर भारतीय दल को निशानेबाजी, टेनिस, टेबल टेनिस और भारोत्तोलन में निराशा ही हाथ लगी।
टेनिस स्टार लिएंडर पेस ने उन खबरों को असत्य करार दिया है जिनमें कहा गया था कि उन्होंने ओलंपिक खेल गांव में अपने युगल साथी रोहन बोपन्ना के साथ एक कमरे में रहने से इन्कार कर दिया था।
रियो ओलंपिक में शानदार शुरुआत करते हुए भारतीय पुरूष हॉकी टीम ने अपने पहले मैच में आयरलैंड को एक कड़े मुकाबले में 3-2 से हरा दिया। रूपिंदर पाल सिंह की अगुआई में ड्रैग फ्लिकरों के शानदार प्रदर्शन की बदौलत भारत ने यह जीत दर्ज की।
भारत का रिकार्ड चार सदस्यीय टेबल टेनिस शनिवार से रियोसेंटो पवेलियन 3 में जब पुरूष और महिला वर्ग के मुकाबलों के लिए उतरेगा जो उनकी नजरें रियो ओलंपिक में अपनी छाप छोड़ने पर टिकी होंगी।
रियो ओलंपिक से पहले लिएंडर पेस को लेकर विवादों ने भारतीय टेनिस को झकझोर दिया था लेकिन इस खेल में मिश्रित युगल में भारत पदक का दावेदार है जिसमें सानिया मिर्जा और रोहन बोपन्ना चुनौती पेश करेंगे।
भारत के तीन सदस्यीय मुक्केबाजी दल को शनिवार से यहां शुरू हो रही ओलंपिक की इस स्पर्धा में कड़ी चुनौती मिलेगी लेकिन उनका इरादा भारत में लंबे समय से चली आ रही प्रशासनिक अस्थिरता से त्रस्त हो चुके खेल का पुनरोत्थान करना है। शिव थापा (56 किलो), मनोज कुमार (64 किलो) और विकास कृष्ण (75 किलो) ओलंपिक की मुक्केबाजी स्पर्धा में भारतीय चुनौती पेश करेंगे।