देश के प्रमुख मुस्लिम संगठन जमात ए इस्लामी हिंद ने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में घुसकर सेना द्वारा आतंकी ठिकानों पर की गई कार्रवाई (सर्जिकल स्ट्राइक) का समर्थन करते हुए आज कहा कि भारत एक संप्रभु देश है और उसे अपनी एवं अपने लोगों की रक्षा करने का पूरा अधिकार हासिल है।
आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के प्रशिक्षण कैंप अब राजस्थान से लगी पाक सीमा पर शिफ्ट हो रहे हैं। यह गतिविधि पिछले एक माह से चल रही है। खुफिया एजेंसियों से सूचना मिलने के बाद पश्चिमी सीमा पर तैनात सेना, बीएसएफ और राजस्थान पुलिस इस हरकत पर सावधान हो गई है। प्रदेश के एक आला पुलिस अधिकारी का कहना है कि सीमा पर सैन्य कैम्प शिफ्ट करने के लिए पाकिस्तानी सरकार समाजसेवा का बहाना बनाकर इजाजत दे रही है।
आतंकियों और अलगाववादियों की धमकी को धता बताते हुए पूरे कश्मीर से हजारों युवाओं ने विशेष पुलिस अधिकारी (एसपीओ) के 10,000 पदों के लिए आवेदन दिए हैं। कश्मीर में जारी अशांति में अब तक 82 लोगों की मौत हो चुकी है।
एक साथ तीन तलाक के मुद्दे पर उच्चतम न्यायालय में केंद्र सरकार के सख्त रूख अपनाने की संभावना के बीच देश की कुछ प्रमुख मुस्लिम महिला अधिकार कार्यकर्ताओं ने मांग की है कि सरकार देश की सबसे बड़ी अदालत में इस महिला विरोधी प्रथा का विरोध करे और इस पर रोक सुनिश्चित कराए।
मुस्लिम, ईसाई और दलित संगठनों ने राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी से अनुरोध किया है कि वह कमजोर तबकों के लोगों की संवैधानिक अधिकारों की रक्षा करने में प्रभावी भूमिका निभाएं। इन समुदायों का कहना है कि केंद्र मे एनडीए सरकार और कुछ राज्यों में भाजपा सरकारों के आने के बाद से बड़े पैमाने पर इस समुदायों के मौलिक अधिकारों का हनन हुआ है।
हम जिस हवा में सांस लेते हैं उसका भविष्य भयावह है। विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा हाल ही में दिये गये आंकड़े बताते हैं कि वायु प्रदूषण के कारण भारत में 1.4 मिलियन लोग असामयिक मृत्यु को प्राप्त हो रहे हैं, यानि यह हर 23 सेकंड में एक जान ले रहा है। जिस ईंधन का प्रयोग आज हम करते हैं वह 2030 आने तक प्रदूषकों से हवा को इतना जहरीला बना देगा कि आॅक्सीजन किट के बिना जीना और चलना-फिरना लगभग नामुमकिन हो जाएगा।
समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव ने पार्टी के तीन विधान परिषद सदस्यों और तीन युवा संगठनों के प्रदेश अध्यक्षों समेत सात नेताओं को आज पार्टी से निष्कासित कर दिया। निकाले गए सभी नेता मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के बेहद करीबी बताए जा रहे हैं।
सुब्रमण्यम स्वामी कब किस के खिलाफ बोल बैंठे, किसी को नहीं पता होता। ऐसा ही नजारा तब देखने को मिला, जब राज्यसभा सांसद स्वामी ने जम्मू-कश्मीर की पीडीपी-बीजेपी गठबंधन को ही फेल करार दे दिया। स्वामी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर की सरकार को बर्खास्त कर देना चाहिए और सूबे में राष्ट्रपति शासन लगाया जाना चाहिए।
अल्पसंख्यक युवाओं की शिक्षा और कौशल विकास की दिशा में समग्र पहल नई मंजिल योजना को शुरू हुए एक वर्ष से अधिक समय गुजर गया है लेकिन चालू वित्त वर्ष में वित्तीय आवंटन किए जाने के बावजूद अब तक कोई धनराशि जारी नहीं की गई है।