भारत और रोमानिया के बीच बेहद करीबी और मजबूत संबंध हैं। इस बात का अंदाजा रोमानिया के स्कूलों में 11वीं कक्षा के बच्चों को रामायण और महाभारत के अंश पढ़ाए जाने से भी लगाया जा सकता है।
गुजरात के एक बुजुर्ग दंपति ने आज अपने जीवन की पूरी कमाई राष्ट्रीय रक्षा निधि में दान कर दिया है। भावनगर के जनार्दनभाई भट्ट और उनकी पत्नी भारतीय स्टेट बैंक से सेवानिवृत्त हैं।
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के पश्चिम बंगाल दौरे के समय भोजन कराने वाली नक्सलबाड़ी निवासी गीता और उसके पति राजू ने आज तृणमूल कांग्रेस का दामन थाम लिया है। हालांकि, भाजपा ने इस मामले में टीएमसी पर आदिवासी दंपती का अपहरण कर जबरन पार्टी में शामिल किए जाने का आरोप लगाया है।
मद्रास हाईकोर्ट के मदुरै खंडपीठ ने शुक्रवार को अभिनेता धनुष के खिलाफ भरणपोषण को लेकर दायर केस को खारिज कर दिया है। दरअसल मदुरै के एक बुजुर्ग दंपत्ति ने याचिका दाखिल कर धनुष को अपना बेटा बताते हुए भरण-पोषण भत्ते की मांग की थी।
दिल्ली हाईकोर्ट ने आज मुस्लिमों से शादी करने वाली हिन्दू महिलाओं पर तीन तलाक लागू होने पर रोक की मांग करने वाली याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि सभी महिलाओं को कानून के तहत समान सुरक्षा पाने का हक है।
पाकिस्तान के एक हिन्दू युवक को अमेरिकी विदेश मंत्रालय की ओर से दिए जाने वाले प्रतिष्ठित इमरजिंग यंग लीडर्स अवार्ड के लिए चुना गया है। यह पुरस्कार स्थायी शांति निर्माण में युवाओं द्वारा निभायी जाने वाली सकारात्मक भूमिका के लिए दिया जाता है।
योगी आदित्यनाथ ने जिस हिंदू युवा वाहिनी की स्थापना की थी, उसके नाम पर गुंडागर्दी की घटनाएं सामने आ रही हैं। मेरठ में यह लगातार दूसरी घटना है, जिसमें खुद को हिंदू युवा वाहिनी का कार्यकर्ता बताने वाले लोगों ने किसी की निजता का हनन करते हुए बदसलूकी की है।
उत्तर प्रदेश में हिंदू युवा वाहिनी ने अपना रंग दिखाना शुरू कर दिया है। मेरठ में लव जिहाद के नाम पर हिंदू युवा वाहिनी के लोगों ने साथ रह रहे एक लड़के और लड़की को पकड़ा, उनके साथ मारपीट की और पुलिस के हवाले कर दिया।
उत्तर प्रदेश के महाराजगंज में शनिवार को सीएम योगी आदित्यनाथ की हिंदू युवा वाहिनी धर्मांतरण को लेकर उग्र हुई और चर्च में की जा रही प्रार्थना को बंद करा दिया। वाहिनी के कार्यकर्ता दल बल पहुंच बवाल करना शुरू कर दिया। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि चर्च में स्थानीय लोगों का धर्म परिवर्तन कराया जा रहा था।
पाकिस्तानी हिन्दू शरणार्थी कावेश कुमार ने इंदिरा गांधी नेशनल ओपन यूनिवर्सिटी (इग्नू) में दाखिला न मिलने के कारण एक पत्र के जरिये मीडिया से मदद की गुहार लगाई है। कावेश कुमार के भाई विकेश कुमार ने बताया कि वह अपने पत्र के जरिये अपनी परेशानियों को विदेश मंत्री सुषमा स्वराज तक पहुंचाना चाहते हैं ताकि वह उनकी मदद कर सकें।