श्रीनगर-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग कुछ स्थानों पर भूस्खलन होने के कारण सोमवार को लगातार चौथे दिन भी बंद रहा। कश्मीर घाटी में ऊंचाई पर स्थित इलाकों में रातभर बर्फबारी हुई।
श्रीनगर के बाहरी इलाके में स्थित जकूरा के पास सशस्त्र सीमा बल के काफिले पर शुक्रवार शाम को हुए आतंकी हमले में दो जवान शहीद हो गए। आठ अन्य घायल हुए हैं। शहीदों में सशस्त्र सीमा बल और जम्मू एवं कश्मीर पुलिस के एक-एक जवान शामिल हैं। आतंकियों की तलाश में इलाके में सुरक्षा बलों का अभियान जारी है। आतंकवादियों ने सशस्त्र सीमा बल की गाड़ी पर उस समय हमला बोला, जब जवान शहर में अपनी ड्यूटी के बाद कैंप वापस लौट रहे थे।
श्रीनगर से 15 किलोमीटर दूर पंपोर में श्रीनगर-जम्मू हाईवे पर स्थित इंटरप्रेन्योरशिप डेवलपमेंट इंस्टीट्यूट (ईडीआई) की इमारत में छिपे आतंकियों को 52 घंटे तक चली कार्रवाई में मार गिराया गया है, लेकिन इस घटना से सुरक्षा चौकसी में खामियां भी सामने आई हैं। खुफिया विभाग के द्वारा राज्य प्रशासन को सतर्क किए जाने के बावजूद सुरक्षा बलों को चौकस नहीं किया गया। नतीजा यह कि झेलम नदी पार कर घुसे आतंकी आराम से इस परित्यक्त सरकारी इमारत में घुस बैठे। उनका इरादा इस इमारत से कुछ ही दूरी पर स्थित सेना के 15 कोर के मुख्यालय और सीमा सुरक्षा बल के शिविर पर हमला करने का था।
श्रीनगर-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित पंपोर की एक सरकारी इमारत में छिपे आतंकियों को मार गिराने के लिए चलाए जा रहे अभियान का बुधवार को तीसरा दिन रहा और सुरक्षा बलों की कार्रवाई में अब तक दो आतंकी मारे जा चुके हैं। अधिकारियों ने कहा कि 50 घंटे से ज्यादा समय से चल रहे अभियान में मारे गए दो आतंकियों के शव बरामद किए जा चुके हैं।
श्रीनगर-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग पर पंपोर इलाके में स्थित एक सरकारी इमारत में छिपे आतंकियों के साथ आज लगातार दूसरे दिन सुरक्षा बलों की मुठभेड़ जारी है। वहीं दक्षिण कश्मीर के शोपियां जिले में एक सीआरपीएफ गश्ती दल पर आज ग्रेनेड से हमला किया गया जिसमें दो जवानों समेत नौ लोग घायल हो गए।
कश्मीर में पिछले कई दिनों से आम लोगों और सेना के बीच जारी झड़पों के बीच आज दिल छू लेने वाली घटना सामने आई। रविवार को श्रीनगर में सेना के एक ट्रक के दुर्घटनाग्रस्त हो जाने से उसमें एक जवान फंस गया। जवान को जख्मी हलत में फंसा देख वहां मौजूद कश्मीरी युवकों ने उस जवान की जान बचाई।
कश्मीर घाटी के हंदवाडा में आज फिर से कर्फ्यू लगा दिया गया है जबकि श्रीनगर के तीन पुलिस थाना क्षेत्रों में अभी भी प्रतिबंध जारी है। हिंसा और झड़पों के बाद कर्फ्यू और प्रतिबंधों की वजह से कश्मीर घाटी में आज लगातार 78वें दिन भी आम जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित रहा।
कश्मीर घाटी के विभिन्न जिलों में पिछले दो महीने से भी ज्यादा समय से जारी कर्फ्यू को स्थिति में सुधार आने के बाद आज हटा लिया गया। हालांकि राजधानी श्रीनगर के छह पुलिस थाना क्षेत्रों में अब भी कर्फ्यू जारी है। घाटी में आज 74वें दिन भी जनजीवन बाधित है।
शुक्रवार की शाम सुरक्षा बलों और प्रदर्शकारियों के बीच हुए संघर्षों में एक किशोर की मौत के बाद आज श्रीनगर के हरवां इलाके में कर्फ्यू लगा दिया गया जबकि ग्रीष्मकालीन राजधानी के कुछ हिस्सों और कश्मीर के दो शहरों में अब भी कुछ प्रतिबंध जारी है।