अमेरिका के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा है कि अमेरिका और भारत के बीच के संबंधों पर राष्ट्रपति बराक ओबामा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
एक के बाद एक आप नेता विवादों में फंसते जा रहे हैं। जितेंद्र सिंह तोमर की डिग्री पर बवाल के बाद अब कुमार विश्वास को दिल्ली महिला आयोग ने समन भेजा है। पार्टी की एक महिला कार्यकर्ता ने आरोप लगाया है कि उनके और कुमार विश्वास के संबंधों को लेकर सोशल मीडिया में अफवाहें फैलाई जा रही है, जिससे उनकी बदनामी हो रही है। और उसका परिवार टूटने के कगार पर है। इस मामले की शिकायत महिला अरविंद केजरीवाल और दिल्ली पुलिस आयुक्त से भी कर चुकी है।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस का कहना है कि राज्य सरकार ने इस्राइली निवेश को आकर्षित करने के प्रयास के तहत मुंबई को एक वैश्विक आर्थिक केंद्र के रूप में विकसित करने की पहल शुरू कर दी है।
बिहार के कोसी इलाके में तूफान की तबाही का मंजर अभी देख ही रहे थे कि अचानक पड़ोसी मुल्क नेपाल में आए भीषण भूकंप से यह पूरा इलाका ही थर्रा गया। सहरसा, पूर्णिया, सुपौल, मधेपुरा, कटिहार, अररिया आदि जिलों में तूफान के कहर के बाद यहां के लोगों को लग रहा था कि जन-जीवन सामान्य हो रहा है
अमेरिका और उसके मित्र पश्चिमी देशों तथा ईरान के बीच परमाणु फ्रेमवर्क करार के रूप में संबंधों की बर्फ पिघलने का फायदा उठाने के लिए पाकिस्तान ने भारत के मुकाबले ज्यादा फुर्तीला कूटनीतिक फुटवर्क दिखाया है।
नरसिंह राव सरकार में वित्त मंत्री के तौर पर 1991 में आर्थिक सुधारों का मार्ग प्रशस्त करने वाले पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि आज पेश किया गया वर्ष 2015-2016 का बजट राजग सरकार के अच्छे इरादों को जाहिर करता है लेकिन इसमें उद्देश्यों को हासिल करने के लिए किसी स्पष्ट योजना का अभाव है।
आम बजट से पहले वित्त मंत्री अरुण जेटली ने संसद में आर्थिक सर्वेक्षण 2014-15 पेश किया। सर्वेक्षण में अगले वित्त वर्ष में 8.1 से 8.5 प्रतिशत आर्थिक वृद्धि रहने का अनुमान लगाते हुये बड़े आर्थिक सुधारों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया है।
संयुक्त राज्य अमेरिका में लुइसियाना के गवर्नर बॉबी जिंदल ने कहा है कि भारत और अमेरिका के पास आतंकवाद के खिलाफ युद्ध और व्यापारिक संबंध मजबूत बनाने का एक बड़ा अवसर है।
सरकारी गलियारों में दूर तक पसरे हुए कॉर्पोरेट जगत के पंजे सार्वजनिक नीतियों को अपने स्वार्थ के लिए कैसे मोड़ते हैं, इसका पर्दाफाश नीरा राडिया टेप कांड ने कुछ वर्ष पहले किया था। सत्ता के गलियारों में वैसी ही कॉर्पोरेट घुसपैठ पर से वैसा ही पर्दा अब मंत्रालय जासूसी कांड उठा रहा है। प्याज के छिलकों की तरह इसकी परतें प्रतिदिन और खुलती जा रही हैं। लेकिन सबकी निगाहें इस पर टिकी हैं कि इन परतों के नीचे छोटी-छोटी कठपुतलियां नचाने वाले बड़े-बड़े असली चेहरे सामने आते हैं या नहीं। और सामने आ भी जाएं तो उनके किए की कानूनी जवाबदेही ठहराई जाती है या नहीं।