वैश्विक उच्च शिक्षा के क्षेत्र में भारत ने अपनी स्थिति में सुधार किया है और विश्व के शीर्ष विश्वविद्यालयों की सूची में भारत के रिकॉर्ड 31 शैक्षणिक संस्थानों ने अपना स्थान बनाया है। इसमें शीर्ष पर ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय है।
हम जिस हवा में सांस लेते हैं उसका भविष्य भयावह है। विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा हाल ही में दिये गये आंकड़े बताते हैं कि वायु प्रदूषण के कारण भारत में 1.4 मिलियन लोग असामयिक मृत्यु को प्राप्त हो रहे हैं, यानि यह हर 23 सेकंड में एक जान ले रहा है। जिस ईंधन का प्रयोग आज हम करते हैं वह 2030 आने तक प्रदूषकों से हवा को इतना जहरीला बना देगा कि आॅक्सीजन किट के बिना जीना और चलना-फिरना लगभग नामुमकिन हो जाएगा।
हरियाणा के स्टार राइडर अनूप कुमार अगले महीने अहमदाबाद में होने वाले कबड्डी विश्व कप में भारतीय टीम की अगुवाई करेंगे। आलराउंडर मनजीत छिल्लर को उप कप्तान बनाया गया है। भारत ने सात अक्तूबर से शुरू होने वाले इस टूर्नामेंट के लिये 14 सदस्यीय टीम का चयन किया है। टूर्नामेंट में कुल 12 टीमें भाग लेंगी।
बिहार के मधुबनी जिले में आज एक बस के सड़क किनारे स्थित तालाब में गिरने से कम से कम 10 यात्रियों की मौत हो गई। हादसे में और छह अन्य लोगों के मारे जाने की आशंका है।
समाजवादी पार्टी में चल रहे अंदरुनी कलह के बीच प्रदेश सरकार में मंत्री और पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने वाले शिवपाल यादव ने कहा कि हम नेता जी के साथ है। हालांकि शिवपाल का इस्तीफा स्वीकार नहीं किया गया।
संयुक्त राष्ट्र ने कहा है कि विश्व के करीब 60 लाख शरणार्थी बच्चों की आधी से भी कम संख्या स्कूल में पढ़ती है जिसका अर्थ यह हुआ कि वैश्विक औसत की तुलना में उनके शिक्षा प्राप्त करने की संभावना पांच गुना कम है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार का झगड़ा है, परिवार का नहीं। अखिलेश ने यह बात उस समय कही जब समाजवादी पार्टी और सरकार में उठापटक का दौर चल रहा है। पार्टी में जहां अखिलेश को प्रदेश के अध्यक्ष पद से हटाकर शिवपाल को दे दिया गया है वहीं अखिलेश ने शिवपाल के विभागों में कटौती कर दी।
समाजवादी पार्टी में शिवपाल यादव और भतीजे अखिलेश यादव के बीच की ताजा जंग का ठीकरा बेशक दो मंत्रियों की बर्खास्तगी या मुख्य सचिव को हटाए जाने पर फूट रहा हो मगर सच्चाई यह है कि विवाद केवल इतना भर नहीं है बल्कि उसकी जड़ें बेहद गहरी हैं। इस विवाद का बीज उस दिन ही पड़ गया था जब विधानसभा चुनावों से ऐन पहले अखिलेश से चर्चा के बिना ही बाहुबली डीपी यादव को सपा में शामिल कराने को हरी झंडी दी गई थी। इस पर प्रदेश पार्टी के मुखिया अखिलेश ने डीपी यादव को न लेने का एलान कर पहली बार चाचा शिवपाल को अपनी ताकत का एहसास कराया।