अमेरिका ने भारत-अमेरिका परमाणु समझौते की तर्ज पर पाकिस्तान के साथ असैन्य परमाणु समझौता करने से साफ इनकार कर दिया है और कहा है कि इस बारे में कोई वार्ता नहीं हुई है।
ईरान के साथ ऐतिहासिक परमाणु करार के प्रभाव में आने के साथ ही अमेरिका और यूरोप ने ईरान पर लगे व्यापार प्रतिबंधों को हटाने की तैयारियां शुरू कर दी है। इन प्रतिबंधों के कारण ईरान की अर्थव्यवस्था लड़खड़ा गई है। वियना में जुलाई में हुए समझौते का संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद द्वारा अनुमोदन किए जाने के 90 दिनों बाद प्रतिबंध हटाने की प्रक्रिया शुरू हुई है।
मुंबई में शिवसैनिकों ने आज भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई के दफ्तर में घुसकर जमकर हंगामा किया। शिवसेना भारत और पाकिस्तान के बीच क्रिकेट संबंध बहाल करने के प्रयासों का विरोध कर रही है। शिवसेना के विरोध प्रदर्शन के बाद बीसीसीआई अध्यक्ष शशांक मनोहर और पीसीबी प्रमुख शहरयार खान के बीच बातचीत कल तक के लिए टाल दी गई है।
इस महीने के अंत में होने वाली प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की अमेरिका यात्रा से पहले अमेरिका पाकिस्तान के परमाणु हथियारों और डिलीवरी सिस्टम की नई सीमाएं तय करने से जुड़े एक समझौते पर बातचीत कर रहा है। यह समझौता भारत-अमेरिका असैन्य परमाणु संधि जैसा समझौता हो सकता है।
परमाणु ऊर्जा विभाग के ताजा आंकड़े बताते हैं कि सन 2009 से लेकर 2013 के बीच अब तक 11 भारतीय परमाणु वैज्ञानिकों की संदिग्ध स्थितियों में या अस्वाभाविक मौत हुई है। हरियाणा के राहुल सहरावत ने आरटीआई के जरिये 21 सितंबर को यह जानकारी मांगी थी।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारुक अब्दुल्ला ने कहा है कि कश्मीर कभी पाकिस्तान का हिस्सा नहीं हो सकता है। अब्दुल्ला ने एक कार्यक्रम में बातचीत के दौरान ये बात कही।
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के विस्तार और सुधारों के मुद्दे पर एक उल्लेखनीय प्रगति हुई है। संयुक्त राष्ट्र महासभा में लिखित दस्तावेजों के आधार पर वार्ता पर सहमति बन गई है जिससे सुरक्षा परिषद में भारत की स्थायी सीट की दावेदारी को बल मिला है।
तमाम अटकलों को विराम देते हुए पाकिस्तान ने भारत के साथ राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार स्तर की वार्ता रद्द कर दी है। इससे पहले भारत ने साफ तौर पर कह दिया था कि वार्ता में कश्मीर पर चर्चा और अलगाववादियों से मुलाकात उसे कतई मंजूर नहीं है। पाकिस्तान विदेश विभाग की ओर से जारी एक बयान के अनुसार, एनएसए स्तरीय वार्ता भारत द्वारा तय की गई पूर्व शर्तों के आधार पर नहीं हो सकती। भारत ने पाकिस्तान के इस कदम को दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया है।