उत्तर प्रदेश के बहराइच में मानवता को शर्मसार करने वाली एक घटना हुई। एक नर्स ने 20 रुपए नहीं मिलने पर मासूम को इंजेक्शन नहीं लगाया। जिसके बाद बच्चे की मौत हो गई। तेज बुखार के चलते मां मासूम को सरकारी अस्पताल ले गई थी। मौत की वजह रिश्वत न देने पर इंजेक्शन नहीं लगाने की बताई जा रही है।
यूनीसेफ ने भारत के बाल श्रम कानून में बदलावों पर गंभीर चिंता जताई है। अंतरराष्ट्रीय संस्था ने कहा कि ये बदलाव बच्चों को पारिवारिक उद्यमों में काम करने की इजाजत देते हैं और जोखिम भरे कामों की सूची कम करते हैं।
अब समय आ गया है कि इस्लाम के ऐसे विचार और उनके अनुसरण को रोका जाए, जो धर्म के नाम पर हिंसा और मारकाट को बढ़ावा दे रहे हैं। कटटरपंथी बनने की बजाए मुस्लिम युवाओं को ऐसी शिक्षा दी जाए ताकि उनके मन में एक अच्छे और उदार मुस्लिम बनने की भावना पैदा हो। यह काम अभिभावक, शिक्षक और मुस्लिम विद़वान मिल-जुलकर कर सकते हैं। मुस्लिम अभिभावक अपने बच्चों के मानसिक विकास पर ध्यान दें।
मध्य प्रदेश के 3 सरकारी कर्मचारियों को राज्य सरकार के जनसंख्या नियंत्रण के लिए बनाए गए 2 बच्चों के नियम का उल्लंघन करने का दोषी पाए जाने के बाद बर्खास्त कर दिया गया है।
बांग्लादेश की राजधानी ढाका के गुलशन इलाके में रेस्तरां में आतंकियों ने बंधक बनाए लोगों को निर्मम तरीके से मारा। आतंकियों ने 20 विदेशी नागरिकों की गला रेतकर हत्या कर दी। बांग्लादेशी कमांडो ने छह आतंकवादियों को मार गिराया और एक को जिंदा पकड़ लिया। ढाका पुलिस के दो अधिकारी भी शहीद हो गए।
उत्तराखंड के पिथौरागढ़ और चमोली जिले के विभिन्न हिस्सों में शुक्रवार तड़के भारी बारिश होने और बादल फटने से 12 लोगों की मौत हो गयी तथा दर्जनों घर जमींदोज हो गये और मलबे में कई लोग दब गये। पिथौरागढ़ जिले के सिंघली क्षेत्र में बादल फटने से आठ लोगों की मौत हुई और 25 अन्य लापता हो गये।
दुनिया में भले ही हर तरफ विकास की बात कही जा रही है लेकिन नवजात बच्चों की दुर्दशा पर कुछ खास ध्यान नहीं दिया जा रहा है। या यूं कहें कि विश्व का मानव समाज इस मसले पर मौन होकर अपनी हार स्वीकार करता जा रहा है। मानव समुदाय एक तरह से नवजात श्िाशुओं की हिफाजत नहीं कर पा रहा है। संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (यूनीसेफ) की ताजा रिपेार्ट में कहा गया है कि दुनिया में विभिन्न तरह के संक्रमण की वजह से पैदा होने के साथ ही दस लाख बच्चों ने दम तोड़ दिया।
अफगानिस्तान की राजधानी काबुल गुरुवार को धमाकों से दहल गई। काबुल के बाहरी हिस्से में हुए विस्फोट में पुलिस के 40 जवानों के मारे जाने की खबर है। कुछ आम लोग भी मारे गए हैं।
गैर सरकारी संगठन क्राई :चाइल्ड राइट एंड यू: के विश्लेषण में यह बात सामने आई है कि मध्यप्रदेश में करीब सात लाख बच्चे मजदूर हैं। इनमें से तीन लाख बाल मजदूर या तो निरक्षर हैं या उनकी पढ़ाई-लिखाई मजदूरी करने की वजह से प्रभावित हो रही है।