पश्चिम बंगाल और असम में विधानसभा चुनावों के पहले चरण में शांतिपूर्ण तरीके से भारी मतदान हुआ और दोनों राज्यों में क्रमश: 80 और 70 प्रतिशत लोगों ने मतदान किया।
बदलाव की उम्मीद पाले असम के छात्र अपने राज्य में पड़ोसी राज्य त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक सरकार और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जैसा मुख्यमंत्री चाहते हैं। इनमें ज्यादातर मतदाता इस बार के चुनाव में पहली बार मतदान करेंगे।
चुनाव आयोग ने शनिवार को निर्देश दिया कि असम और पश्चिम बंगाल में तीन और चार अप्रैल को बिना मंजूरी के किसी भी अखबार में विज्ञापन प्रकाशित नहीं होगा। भाजपा द्वारा बिहार चुनावों के दौरान विवादास्पद विज्ञापन जारी होने के परिप्रेक्ष्य में यह कदम उठाया गया है। असम और पश्चिम बंगाल में प्रथम चरण का चुनाव चार अप्रैल को होगा।
अगले डेढ़ महीने में पांच राज्यों में होने जा रहे चुनावों में भारतीय जनता पार्टी सिर्फ एक राज्य असम में सरकार बनाने की गंभीरता से कोशिश कर रही है मगर एक टीवी चैनल के चुनाव पूर्व सर्वे की मानें तो यहां भी पार्टी के लिए स्थितियां ज्यादा बेहतर नहीं दिख रही हैं।
कर्नाटक में गुरूवार को दस दिनों में दूसरी बार 12 वीं कक्षा के रसायन शास्त्र का प्रश्नपत्र लीक हो गया जिसके कारण परीक्षा को रद्द करने पर बाध्य होना पड़ा। प्रश्नपत्र लीक होने और परिक्षा रद्द किए जाने से नाराज छात्रों और उनके अभिभावकों ने इसका कड़ा विरोध करते हुए जमकर हंगामा किया।
कांग्रेस उपाध्याक्ष राहुल गांधी ने असम में एक चुनावी रैली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा। राहुल ने अपने भाषण में मोदी से पूछा कि आपने विदेशों से कालाधन लाने की बात की थी तो शराब कारोबार के बेताज बादशाह विजय माल्या और आईपीएल के पूर्व प्रमुख ललित मोदी अब तक विदेश में क्यों हैं।
राहुल गांधी ने असम में मतदाताओं से विधानसभा चुनाव में भाजपा को खारिज करने की अपील करते हुए मंगलवार को कहा कि अगर भाजपा सत्ता में आई तो नागपुर स्थित आरएसएस मुख्यालय या प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) से राज्य का शासन चलेगा।
समाचार चैनल एबीपी न्यूज और नीलसन के कराए एक चुनाव पूर्व सर्वेक्षण में असम में भारतीय जनता पाटी गठबंधन की सरकार बनने का अनुमान लगाया गया। सर्वे का दावा है कि राज्य की 126 सदस्यीय विधानसभा में भारतीय जनता पार्टी नीत गठबंधन पूर्ण बहुमत से 14 सीटें अधिक यानी 78 सीटें तक हासिल कर सकता है।
तमाम प्रशासनिक उपायों और सुरक्षा चौकसी के बावजूद बंगाल और असम में विधानसभा चुनाव के दौरान हिंसा और बोगस वोटिंग की आशंका बनी हुई है। खासकर, बंगाल को लेकर सिरदर्द ज्यादा है। बंगाल में बिहार, झारखंड, उड़ीसा और पड़ोसी देश नेपाल और बांग्लादेश से असामाजिक तत्वों को राजनीतिक पार्टियों द्वारा बुलाए जाने की खबरें आई हैं। बंगाल के गांवों में राजनीतिक हिंसा बढ़ने लगी है।
हैदराबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय (एचसीयू) में सामाजिक न्याय संयुक्त कार्य समिति (जेएसी) के ताजा बहिष्कार के बीच आज से कक्षाएं शुरू हो गईं। जेएसी दलित शोध छात्र रोहित वेमुला की आत्महत्या के मुद्दे पर आंदोलन का नेतृत्व कर रही है।